काठमांडू: नेपाल में भ्रष्टाचार और सोशल मीडिया बैन के खिलाफ युवा पीढ़ी सड़कों पर उतर आई है. प्रदर्शनकारियों ने सोमवार को काठमांडू में न्यू बानेश्वर स्थित संघीय संसद पर धावा बोल दिया और पुलिस बैरिकेड्स तोड़कर संसद में घुस आए. युवाओं के इस आंदोलन को जेन-जी (Gen Z) प्रोटेस्ट नाम दिया गया है. इस प्रोटेस्ट के दौरान 10 लोगों की मौत की खबर है.

रिपोर्ट के मुताबिक, जेन-जी प्रदर्शनकारियों ने पहले शांति बनाए रखने का संकल्प लिया था, लेकिन पुलिस ने उन्हें तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस और पानी की बौछारों का इस्तेमाल किया. इससे स्थिति बिगड़ गई, जिसके बाद काठमांडू जिला प्रशासन ने बानेश्वर के आसपास के प्रमुख इलाकों में सोमवार दोपहर साढ़े 12 बजे से रात 10 बजे तक कर्फ्यू लगा दिया.

सोशल मीडिया बंद करने को लेकर प्रदर्शन
बता दें कि प्रदर्शनकारी भ्रष्टाचार और सोशल मीडिया बंद करने के सरकार के फैसले के खिलाफ काठमांडू, पोखरा, बुटवल, विराटनगर और अन्य शहरों में प्रदर्शन कर रहे हैं. बानेश्वर में, सुरक्षा बलों ने आंसू गैस छोड़े जाने से पहले कुछ युवाओं को पुलिस गार्ड हाउस पर चढ़ते देखा गया. संसद भवन में घुसने की कोशिश कर रहे प्रदर्शनकारियों को हटाने के लिए अधिकारी लगातार प्रयास कर रहे हैं.
प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया
अधिकारियों ने बानेश्वर में स्थिति को बेहद तनावपूर्ण बताया और कहा कि प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया और संसद परिसर में घुस गए, जिसके बाद उन्हें वहां से हटा दिया गया.जेनरेशन जेड के युवाओं के नेतृत्व में हुए विरोध प्रदर्शनों को शुरू में शांतिपूर्ण घोषित किया गया था, लेकिन बैरिकेड्स तोड़ दिए जाने के बाद यह उग्र हो गया.










