गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई को दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट में किया गया पेश, कोर्ट ने 11 दिन की NIA हिरासत में भेजा

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नई दिल्ली: दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के भाई अनमोल बिश्नोई को 11 दिनों की एनआईए हिरासत में भेज दिया है. एडिशनल सेशन जज प्रशांत शर्मा ने अनमोल बिश्नोई को 11 दिनों की एनआईए हिरासत में भेजने का आदेश दिया है. एनआईए की ओर से पेश वकील राहुल त्यागी ने अनमोल बिश्नोई की 15 दिनों की हिरासत की मांग की थी.

अनमोल बिश्नोई को जनवरी में भगोड़ा घोषित करार दिया गया था. अनमोल बिश्नोई के खिलाफ देश भर में करीब 30 मामले लंबित हैं. जांच एजेंसियां पंजाबी सिंगर सिद्धू मूसेवाला कि मई 2022 में हुई हत्या के मामले में भी अनमोल बिश्नोई के खिलाफ जांच कर रही है. सिद्धू मूसे वाला की हत्या के बाद अनमोल बिश्नोई में 2022 में ही फर्जी पासपोर्ट के आधार पर अमेरिका भाग गया था.

अनमोल बिश्नोई पर आरोप है की वो लॉरेंस बिश्नोई गैंग के लिए दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और राजस्थान में फिरौती वसूली के सिंडिकेट चलाने का काम करता है. बता दें कि एनआईए की मोस्ट वांटेड लिस्ट में शामिल अनमोल बिश्नोई को अमेरिका से प्रत्यर्पण के बाद बुधवार सुबह दिल्ली लाया गया. जहां उसे इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उतरने के तुरंत बाद एनआईए ने गिरफ्तार कर लिया.

अनमोल बिश्नोई पर कई हाई-प्रोफाइल आपराधिक मामलों में शामिल होने का आरोप है. उसे महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री बाबा सिद्दीकी की हत्या का मुख्य साजिशकर्ता माना जाता है. सिद्दीकी की हत्या 12 अक्टूबर 2024 को मुंबई में उनके कार्यालय के बाहर गोली मारकर कर दी गई थी. इसके अलावा, उस पर पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या में हमलावरों को लॉजिस्टिक सहायता प्रदान करने और अभिनेता सलमान खान के घर के बाहर हुई गोलीबारी की साजिश रचने का भी गंभीर आरोप है.

अनमोल बिश्नोई 2022 से भारत से फरार था और माना जाता है कि वह कनाडा और अमेरिका में रहकर फर्जी रूसी पासपोर्ट की मदद से लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के आतंकवादी-गैंगस्टर सिंडिकेट को विदेश से चला रहा था. वह जबरन वसूली, हथियारों की तस्करी और टारगेट किलिंग जैसी आतंकी गतिविधियों को अंजाम देने में सक्रिय रूप से शामिल था. NIA ने उस पर 10 लाख रुपये का इनाम भी घोषित किया हुआ था. अमेरिकी अधिकारियों द्वारा उसे भारत प्रत्यर्पित किया जाना, आतंकवादियों, गैंगस्टरों और हथियार तस्करों के गठजोड़ को तोड़ने की दिशा में भारतीय जांच एजेंसियों, विशेष रूप से NIA, के लिए एक महत्वपूर्ण सफलता है.

 

 

 

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Author: News 7

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