नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को पश्चिम बंगाल सरकार पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के राज्य दौरे के दौरान उनका अपमान करने का आरोप लगाते हुए कहा कि यह “शर्मनाक और अभूतपूर्व” है और टीएमसी सरकार ने “सच में सारी हदें पार कर दी हैं”.
प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति मुर्मू के राज्य में हुए नौवें अंतरराष्ट्रीय संथाल सम्मेलन की जगह बदलने और उनके दौरे में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और उनके मंत्रियों के न होने पर नाराजगी जताने के बाद यह बात कही. राष्ट्रपति मुर्मू ने इस सम्मेलन में हिस्सा लिया था.
पीएम मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति का पद राजनीति से ऊपर है और इसकी पवित्रता का हमेशा सम्मान किया जाना चाहिए. उन्होंने उम्मीद जताई कि पश्चिम बंगाल सरकार और सत्ताधारी टीएमस को सद्बुद्धि आएगी.
मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “यह शर्मनाक और पहले कभी नहीं हुआ. हर कोई जो लोकतंत्र और आदिवासी समुदायों के अधिकारिता में विश्वास करता है, निराश है.” प्रधानमंत्री ने कहा कि राष्ट्रपति, जो खुद एक आदिवासी समुदाय से हैं, ने जो दर्द और पीड़ा ज़ाहिर की है, उससे भारत के लोगों के मन में बहुत दुख है.
उन्होंने कहा, “पश्चिम बंगाल की टीएमसी सरकार ने सच में सारी हदें पार कर दी हैं. राष्ट्रपति के इस अपमान के लिए उनका प्रशासन ज़िम्मेदार है.” मोदी ने कहा कि यह भी उतना ही दुर्भाग्यपूर्ण है कि संथाल संस्कृति जैसे महत्वपूर्ण विषय को पश्चिम बंगाल सरकार इतनी लापरवाही से ले रही है.










