पहलगाम आतंकी हमले के बाद विपक्षी दलों ने भारत-पाकिस्तान के बीच होने वाले मैच की टाइमिंग पर सवाल उठाए हैं. इसके चलते दोनों प्रतिद्विंदियों के बीत होने वाले एशिया कप के मुकाबले से पहले राजनीतिक तनाव बढ़ गया है.
बता दें पाकिस्तान समर्थित आतंकवादियों ने 22 अप्रैल को दक्षिण कश्मीर के पहलगाम स्थित बैसरन मैदान पर हमला किया, जिसमें 26 लोग मारे गए, जिनमें ज़्यादातर पर्यटक थे. कांग्रेस, शिवसेना (UBT) और आम आदमी पार्टी सहित कई विपक्षी दलों के नेताओं ने सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि इस समय पाकिस्तान के साथ एक हाई-प्रोफाइल क्रिकेट मैच का आयोजन गलत संदेश देता है और राष्ट्रीय भावनाओं को ठेस पहुंचाता है.

वित्तीय लाभ 26 नागरिकों की जान से ज्यादा है?
AIMIM प्रमुख और लोकसभा सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने प्रधानमंत्री के शब्दों ‘खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते’ का हवाला देते हुए सवाल किया कि क्या एक क्रिकेट मैच से होने वाला वित्तीय लाभ 26 नागरिकों की जान से ज़्यादा है. , “असम के मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री और उन सभी से मेरा सवाल है कि क्या आपके पास पाकिस्तान के खिलाफ क्रिकेट मैच खेलने से इनकार करने की पावर नहीं है, जिसने पहलगाम में हमारे 26 नागरिकों का धर्म पूछकर उन्हें गोली मार दी.”
क्रिकेट मैच से कितना पैसा मिलेगा?
ओवैसी ने पूछा, “हम प्रधानमंत्री से पूछते हैं कि जब आपने कहा था कि खून और पानी एक साथ नहीं बह सकते, बातचीत और आतंकवाद एक साथ नहीं हो सकते, तो बीसीसीआई को एक क्रिकेट मैच से कितना पैसा मिलेगा, 2000 करोड़ रुपये, 3000 करोड़ रुपये?” उन्होंने कहा, “क्या पैसे की कीमत हमारे 26 नागरिकों की जान से ज़्यादा है? बीजेपी को यही बताना चाहिए… हम कल भी उन 26 नागरिकों के साथ थे, आज भी उनके साथ हैं और कल भी उनके साथ रहेंगे.”

‘क्रिकेट मैच राष्ट्रीय भावनाओं का अपमान’
शिवसेना (UBT) प्रमुख उद्धव ठाकरे ने पूरे महाराष्ट्र में ‘सिंदूर’ विरोध प्रदर्शन की घोषणा की और नागरिकों से मैच का बहिष्कार करने की अपील की. मुंबई में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा, “जब तक आतंकवाद नहीं रुकता, हमें पाकिस्तान के साथ कोई संबंध नहीं रखना चाहिए.”
ठाकरे ने आगे कहा, “यह क्रिकेट मैच राष्ट्रीय भावनाओं का अपमान है. क्या हमें पाकिस्तान के साथ क्रिकेट खेलना चाहिए, जबकि हमारे सैनिक सीमाओं पर अपनी जान कुर्बान कर रहे हैं?” उन्होंने कहा कि पार्टी की महिला कार्यकर्ता सिंदूर इकट्ठा करेंगी और उसे प्रधानमंत्री कार्यालय भेजेंगी.
AAP नेता सौरभ भारद्वाज ने पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ राष्ट्रीय राजधानी में पाकिस्तानी खिलाड़ियों का पुतला जलाया. उन्होंने कहा, “पहलगाम हमले में अपने पतियों को खोने वाली हमारी महिलाओं का यह घोर अपमान है, लेकिन फिर भी हमारा केंद्रीय नेतृत्व भारत-पाकिस्तान क्रिकेट मैच के लिए तैयार है.” बाद में उन्होंने कहा, “पाकिस्तान के क्रिकेट खिलाड़ी हमारी विधवाओं का इतने गंदे और घिनौने तरीके से मजाक उड़ाते हैं और हम उनके साथ क्रिकेट खेलेंगे. भाजपा सरकार को शर्म आनी चाहिए.”
‘यह शर्मनाक है’
कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा कि सरकार प्रभावित लोगों की पीड़ा को नजरअंदाज करते हुए मुनाफे पर ध्यान केंद्रित कर रही है. उन्होंने कहा, “भारत-पाकिस्तान मैच जहां रोमांच पैदा करते हैं और टिकट ऊंचे दामों पर बिकते हैं, वहीं कोई उन बहनों के बारे में नहीं सोच रहा जिन्होंने अपने पति खो दिए. उनकी ज़िंदगी तबाह हो गई और फिर भी सरकार क्रिकेट से पैसा कमाने में व्यस्त है. यह शर्मनाक है.”










