वित्त मंत्री सीतारमण ने की अध्यक्षता में 56वीं जीएसटी काउंसिल की बैठक हुई. बैठक में सिर्फ दो मुख्य जीएसटी स्लैब- 5% और 18% को मंजूरी दी गई है. दो जीएसटी स्लैब को खत्म करने का फैसला लिया गया. बैठक में अलग-अलग राज्यों के वित्त मंत्री शामिल थे। पीएम मोदी ने लाल किले से जीएसटी स्लैब में बदलाव की घोषणा की थी.
नई जीएसटी दरें 22 सितंबर से लागू होंगी। बता दें कि इस बैठक में 33 सदस्यीय समिति आठ साल पुराने जीएसटी कर ढांचे में बड़े बदलावों पर चर्चा की है। इससे पहले 15 अगस्त को पीएम मोदी ने लाल किले से जीएसटी में संसोधन की बात कही थी। इसके बाद सरकार ने जीएसटी की दो मुख्य दरें तय करने का प्रस्ताव रखा था। इसमें पहला पांच फीसदी और दूसरा 18 फीसदी। वहीं इसके अलावा, लक्जरी और हानिकारक वस्तुओं (जैसे शराब, तंबाकू आदि) पर 40 प्रतिशत का विशेष कर लगाने का प्रस्ताव था।
नई टैक्स दरें- सिर्फ दो स्लैब- 5% और 18%
इस बैठक के बाद वित्त मंत्रालय के अधिकारियों ने बताया कि अब देश में जीएसटी की दरें सरल होंगी। फिलहाल अलग-अलग वस्तुओं और सेवाओं पर कई तरह की टैक्स दरें लागू हैं, लेकिन अब इसे दो स्लैब में समेटा गया है। इस बदलाव का मकसद टैक्स प्रणाली को आसान और पारदर्शी बनाना है, जिससे कारोबारियों और आम जनता दोनों को राहत मिलेगी।
सभी राज्यों की सहमति
बिहार के उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बताया कि इस फैसले पर सभी राज्यों की सहमति रही। उन्होंने कहा, ‘यह एक सर्वसम्मति से लिया गया निर्णय है। सभी राज्यों ने जीएसटी दरों को तर्कसंगत बनाने का समर्थन किया।’ इसका मतलब है कि किसी भी राज्य ने इस प्रस्ताव का विरोध नहीं किया।
राजस्व पर असर- 47700 करोड़ का घाटा
इस फैसले से केंद्र और राज्यों के राजस्व पर असर पड़ेगा। पश्चिम बंगाल की वित्त मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने कहा कि दरों में बदलाव से कुल 47,700 करोड़ रुपये का राजस्व नुकसान होगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह घाटा केंद्र और राज्यों के बीच साझा रूप से महसूस किया जाएगा।
‘डिमेरिट गुड्स’ पर अभी फैसला नहीं
उत्तर प्रदेश के वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि शराब, तंबाकू और लग्जरी कार जैसी ‘डिमेरिट गुड्स’ पर टैक्स दरों को लेकर अभी कोई अंतिम फैसला नहीं लिया गया है। वर्तमान में इन पर 40% जीएसटी लगता है। सुरेश खन्ना ने आगे कहा, ’40 प्रतिशत टैक्स के ऊपर अतिरिक्त लेवी लगाने का निर्णय बाद में किया जाएगा।’ इसका मतलब है कि इन उत्पादों की कीमत में फिलहाल कोई बदलाव नहीं होगा।










