देहरादून: गैरसैंण में उत्तराखंड विधानसभा का मॉनसून सत्र शुक्रवार को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया है. जबकि सत्र 22 अगस्त तक चलना प्रस्तावित था. इसी मामले को लेकर कांग्रेस ने देहरादून में भाजपा सरकार की उत्तराखंड विरोधी नीतियों के विरोध में सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया.
देहरादून में कांग्रेसी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला के नेतृत्व में एश्ले हॉल चौक पर राज्य की भाजपा सरकार का पुतला दहन करके जमकर प्रदर्शन किया. इस दौरान कांग्रेसियों ने मॉनसून सत्र के दौरान धामी सरकार पर विपक्ष की पूरी तरह अनदेखी किए जाने का आरोप लगाया.
कांग्रेस नेत्री ज्योति रौतेला ने कहा कि राज्य की ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में हुए मॉनसून सत्र के दौरान धामी सरकार ने विपक्ष की अनदेखी की और विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे जनहित के मुद्दों पर राज्य की धामी सरकार चर्चा करने से बचती रही. उन्होंने भाजपा सरकार पर उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलन की भावनाओं की अनदेखी किए जाने का भी आरोप लगाया है.
उन्होंने कहा कि विपक्षी सदस्यों द्वारा उठाए जा रहे मुद्दों पर भाजपा सरकार हमेशा से बचती आई है और यही गैरसैंण के विधानसभा सत्र में भी हुआ है. उन्होंने कहा कि यह उत्तराखंड राज्य के प्रति भाजपा की नियत और नीतियों को दर्शाता है. कांग्रेस पार्टी ने भाजपा सरकार के कार्य प्रणाली को राज्य निर्माण आंदोलन की भावनाओं के विपरीत बताया.
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि गैरसैंण राज्य निर्माण आंदोलन की आत्मा कही जाती है. जिसका सम्मान करते हुए तत्कालीन कांग्रेस सरकार ने जन भावनाओं को देखते हुए वहां विधानसभा सत्र आहूत करने की शुरुआत की थी. परंतु प्रदेश की भाजपा सरकार ने जिस तरह सदन में विपक्षी सदस्यों की ओर से उठाए जा रहे जन सरोकार के मामलों के अनदेखी की है, वह कहीं ना कहीं स्वस्थ लोकतंत्र की परंपरा के विपरीत है. जिसका कांग्रेस पार्टी पुरजोर तरीके से विरोध करती है. प्रदर्शन में पूर्व कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत और कांग्रेस प्रदेश उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना भी शामिल हुए.










